IPL vs PSL: पाकिस्तान को फिर झटका, कमेंटेटर ने भी छोड़ा PSL
पाकिस्तान सुपर लीग (पीएसएल) 2026 की एक बार फिर किरकिरी हुई है। गुरुवार से शुरू हुई इस लीग को पहले ही बंद दरवाजे के पीछे खेला जा रहा है। साथ ही खिलाड़ियों के लीग को छोड़कर आईपीएल के साथ जुड़ने का दौर भी जारी है। इसी कड़ी में अब एक कमेंटेटर भी तत्काल पीएसएल छोड़कर आईपीएल से जुड़ेगा। इन घटनाओं ने दिखा दिया है कि पीएसएल आईपीएल के आगे कहीं नहीं टिकता और पाकिस्तान चाहे कितना भी अपनी लीग को प्रमोट कर ले, लेकिन खिलाड़ी या अधिकारी अब भी खुद को वहां सुरक्षित महसूस नहीं कर पा रहे।
पीसीबी को शर्मनाक स्थिति में डाला
इस पूरे घटनाक्रम ने मोहसिन नकवी की अगुआई वाले पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड (PCB) को असहज और शर्मनाक स्थिति में डाल दिया है। नकवी ने उन खिलाड़ियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की धमकी भी दी है, जिन्होंने पीएसएल छोड़कर आईपीएल का रुख किया। इनमें ब्लेसिंग मुजरबानी (केकेआर से जुड़े), स्पेंसर जॉनसन (सीएसके से जुड़े) और दासुन शनाका (राजस्थान से जुड़े) शामिल हैं। उन्होंने पत्रकारों से कहा, 'हां, दो से तीन खिलाड़ी भी लीग छोड़ चुके हैं। हम उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की योजना बना रहे हैं।'
कमेंटेटर भी छोड़ रहे लीग
अब मामला सिर्फ खिलाड़ियों तक सीमित नहीं रहा, बल्कि कमेंटेटर्स भी पीएसएल छोड़कर आईपीएल की ओर जाते दिख रहे हैं। इंग्लैंड के पूर्व क्रिकेटर निक नाइट का नाम कुछ दिन पहले पीएसएल के कमेंट्री पैनल में शामिल किया गया था। अब उनका नाम स्टार स्पोर्ट्स के आईपीएल कमेंट्री पैनल में भी जुड़ गया है। यानी खिलाड़ियों के बाद अब कमेंट्री बॉक्स में भी आईपीएल, पीएसएल पर भारी पड़ता दिख रहा है। खिलाड़ियों और कमेंटेटर्स का अनुबंध के बावजूद पीएसएल छोड़ना और आईपीएल को प्राथमिकता देना इस बात का सबूत है कि खेल के हर पहलू में पाकिस्तान सुपर लीग भारतीय लीग से पीछे है।
पीएम मोदी की बड़ी सौगात—MP को मिलेंगी 2 नई अमृत भारत ट्रेनें, कई शहरों को फायदा
भीषण गर्मी का कहर—स्कूलों में समय से पहले घोषित हुई गर्मियों की छुट्टियां
अंबिकापुर में आग की घटना के बाद निगम ने सख्त रुख अपनाया
दमदम में पीएम मोदी का बड़ा हमला—“बंगाल का गौरव बचाने को TMC से मुक्ति जरूरी”
जबलपुर रेल मंडल में पोषण पखवाड़ा 2026: जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन
बिलासपुर हाई कोर्ट ने नगरपालिका से निगम में ट्रांसफर को बताया अवैध
चुनावी मैदान में महिला वोटर बनीं सबसे बड़ा फैक्टर
“बंगाल जीतकर दिल्ली पर कब्जा”: ममता बनर्जी का बीजेपी पर बड़ा हमला
जबलपुर से गुजरने वाली स्पेशल ट्रेनें 16 घंटे लेट, यात्रियों की बढ़ी परेशानी