साकिब सलीम बोले- ऑडिशन देने में कोई शर्म नहीं
'83' और 'रंगबाज' में नजर आ चुके साकिब सलीम इन दिनों क्राइम बीट शो में एक जर्नलिस्ट का किरदार निभा रहे हैं। साकिब सलीम ने अपने करियर और शोज को लेकर बात की है। उन्होंने कहा कि वे अपने करियर के पड़ावों पर ऑडिशन देने से पीछे नहीं हटते हैं।
पत्रकार होना आसान नहीं
इंटरव्यू में साकिब ने पत्रकार की भूमिका को लेकर बात की है। उन्होंने कहा, मुझे लगता है कि वाकई ये बहुत मुश्किल जिंदगी है। यहां दिन-रात और तीन बार के खाने का कोई कॉन्सेप्ट नहीं है। आप हर समय किसी न किसी काम के पीछे भागते रहते हैं। बहुत जल्दी आपको कुछ भी नहीं मिलता है।
बदला लोगों को देखने का नजरिया
अभिनेता ने कहा कि अब अगर कोई मेरे पास स्टोरी मांगने या किसी बातचीत के लिए आता है तो मैं अब उन्हें अलग नजरिए से देखता हूं। पहले मैं ऐसा नहीं था, इस शो का मुझ पर काफी असर हुआ है। वे भी अपना काम ही करते हैं। अब मैं उनसे कहता हूं कि रुकिए मैं क्या बात कर सकता हूं, जिससे आपको स्टोरी मिल सके। ये बदलाव मैंने अपने अंदर महसूस किया है।
ऑडिशन देने में कोई शर्म नहीं
साकिब ने कहा कि वे अभी भी ऑडिशन देते हैं। स्ट्रगल करते हैं और इसमें उन्हें कोई परेशानी नहीं होती है। साकिब ने कहा, आपको हर किरदार के लिए काम करना पड़ता है। मैंने अपने जीवन में 15-16 फिल्में या शो किए होंगे। अगर मैंने ऑडिशन नहीं दिया है, तो हर चीज के लिए भागदौड़ करनी पड़ी है। यह मेरे पास नहीं आया। मुझे कई जगहों पर जाना पड़ा और लोगों को खुद पर विश्वास दिलाना पड़ा।
ऑडिशन की बात आ जाता था गुस्सा
साकिब ने कहा कि उन्हें ऑडिशन किए जाने की बात पर गुस्सा आ जाता था। वे बुरा मान जाते थे, हालांकि, अब उन्हें इस बात का महत्व समझ आ गया है। उन्होंने कहा कि अब मुझे लगता है कि अगर आप एक अच्छे अभिनेता हैं, तो आपको ऑडिशन देने में कोई समस्या नहीं होनी चाहिए। यह आपका काम है। आप घर बैठे बेहतर अभिनेता नहीं बन सकते हैं।
मोहिनी एकादशी 2026: 27 अप्रैल को रखा जाएगा व्रत, जानें शुभ मुहूर्त और पूजा विधि
अच्छी नींद और सेहत के लिए जानें सोने की सबसे सही दिशा
हैदराबाद का चमत्कार: 800 साल पुराने मंदिर में पानी पर तैर रहा है भारी-भरकम पत्थर
अक्षय तृतीया 2026: आज मनेगा महापर्व, जानें खरीदारी का शुभ मुहूर्त और महत्व
विश्व धरोहर दिवस पर रायपुर में सजी विरासत की अनोखी झलक, संरक्षण पर विशेषज्ञों का मंथन
बंदूक से विकास की ओर: सुकमा के तुंगल इको-पर्यटन केंद्र की प्रेरक कहानी
उमरिया जिले की पूजा सिंह ने रची आत्मनिर्भरता की प्रेरक कहानी
हमने सीवर सफाई के काम को चुनौती के रुप में स्वीकार किया है और हम बदलाव लाकर दिखाएंगे : ऊर्जा मंत्री तोमर
दिशा दर्शन भ्रमण आत्मनिर्भरता का सशक्त माध्यम: मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े